आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय का पंचम दीक्षांत समारोह 28 सितम्बर को बापू सभागार में आयोजित

398
0
SHARE

पटना – आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय, पटना का पंचम दीक्षांत समारोह सितम्बर 28, 2018, शुक्रवार को सम्राट अशोक कन्वेंशन सेंटर के बापू सभागार में आयोजित होगा। इस उपलक्ष्य में एक प्रेस वार्ता आयोजित की गई जिसे विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ0 (प्रो0) अरूण कुमार अग्रवाल ने सम्बोधित किया।

दीक्षांत समारोह में इस बार कुल 5103 छात्र-छात्राओं को डिग्री प्रदान किए जाएंगे। इसमें कुल 15 छात्र-छात्राओं को गोल्ड मेडल प्रदान किया जाएगा। खास ये है कि इनमें से 10 छात्राएँ एवं 05 छात्र हैं।

कुलपति महोदय ने कहा कि कुलपति के रूप में आर्यभट्ट ज्ञान विश्वविद्यालय के दीक्षांत समारोह का आयोजन करने का सौभाग्य उन्हें तीसरी बार प्राप्त हुआ है। अपनी खुशी का इजहार करते हुए कहा कि विश्वविद्यालय के अपने भवन का निर्माण कार्य अंतिम चरण में है एवं जल्द ही विश्वविद्यालय कार्यालय एवं शैक्षणिक केन्द्र अपने नये भवन से संचालित होंगे। उन्होंने कहा कि सरकार के सहयोग के लिए माननीय मुख्यमंत्री के वे तहे दिल से शुक्रगुजार हैं।

पिछले एक वर्ष में विश्वविद्यालय द्वारा 81 इंजीनियरिंग, मेडिकल, बी.एड., एम.एड. एवं अन्य परीक्षाओं का आयोजन किया गया है और 64 परीक्षाफल का ससमय ही नहीं अपितु कई मामलों में निर्धारित अवधि से भी पूर्व प्रकाशन किया गया। 17 परीक्षाएं अभी प्रक्रिया में हैं। किसी तकनीकी विश्वविद्यालय के लिए यह बड़ी उपलब्धि है कि समय पर ना सिर्फ परीक्षा और रिजल्ट घोषित किया जाए बल्कि दीक्षांत समारोह भी उच्च स्तर का और समय पर आयोजित किया जाता हो। विश्वविद्यालय का दीक्षांत समारोह आईआईटी, आईआईएम तथा केन्द्रीय विश्वविद्यालयों की तरह ज्यादातर सितम्बर माह में आयोजित होता है। इस तरह वैसे छात्र-छात्राएं जो उच्च शिक्षा या रोजगार के लिए राज्य से बाहर जाना चाहते हैं, उन्हें किसी समस्या का सामना नहीं करना पड़ता। इस तरह यह विश्वविद्यालय राष्ट्रीय स्तर के कई तकनीकी विश्वविद्यालयों से भी आगे है।

विश्वविद्यालय के द्वारा मूल्यांकन भी उच्च स्तर का कराया जाता है। अनेक चुनौतियों के बावजूद छात्र हित में परीक्षाफलों के ससमय प्रकाशन के लिए कुलपति ने ई. राजीव रंजन, परीक्षा नियंत्रक एवं उनकी टीम की कार्य कुशलता की प्रशंसा की।

विश्वविद्यालय के अथक निरंतर प्रयास के परिणामस्वरूप विश्वविद्यालय से सम्बद्ध चार नये स्वायत्तशासी शैक्षणिक केन्द्र स्थापित किए गए हैं यथाः- ‘सेंटर फॉर रिवर स्टडीज‘, ‘पाटलीपुत्रा स्कूल फॉर इकनोमिक्स‘, ‘सेंटर फॉर जर्नालिज्म एण्ड मास कम्युनिकेशन‘ एवं सेंटर फॉर जियोग्राफिकल स्टडीज‘। निदेशकों की नियुक्ति होते ही ये गैर पारंपरिक शैक्षणिक केन्द्र क्रियाशील हो जाएंगे। शैक्षणिक केन्द्र ‘सेंटर फॉर जर्नालिज्म एण्ड मास कम्युनिकेशन’ के समन्वयक की नियुक्ति की जा चुकी है। उम्मीद की जा रही है कि नए भवन में सेंटर फॉर जर्नलिज्म एण्ड मास कम्युनिकेशन के तहत पीजी और पीएचडी की पढ़ाई 2019 से आरम्भ की जा सकेगी।
वर्तमान में इस विश्वविद्यालय से कुल 104 महाविद्यालय/संस्थान को संबद्धता प्राप्त है। जिसमें से 08 सरकारी चिकित्सा महाविद्यालय, 01 सरकारी दंत महाविद्यालय, 01 सरकारी आयुर्वेदिक महाविद्यालय, 01 सरकारी तिब्बी महाविद्यालय, 01 सरकारी फार्मेसी महाविद्यालय, 19 सरकारी एवं 12 गैर सरकारी अभियंत्रण महाविद्यालय, 01 सरकारी एवं 29 गैर सरकारी शिक्षण-प्रशिक्षण महाविद्यालय, 07 सरकारी सामुदायिक महाविद्यालय, 06 सरकारी एवं 12 गैर सरकारी अन्य व्यवसायिक (यथा-फार्मेसी, पारामेडिकल, बी॰बी॰ए॰, बी॰सी॰ए॰, बी॰एम॰सी॰, बी॰बी॰ई॰, बी॰कॉम॰ (प्रोफेशनल), कैंसर, योग विज्ञान, चित्रकला, फिजियोथेरेपी इत्यादि) महाविद्यालय/संस्थान तथा 07 गैर सरकारी नर्सिंग महाविद्यालय/संस्थान हैं।

तकनीकी शिक्षा के क्षेत्र में कदाचार मुक्त परीक्षाओं के आयोजन के लिए विश्वविद्यालय की प्रतिबद्धता है। राज्यपाल सचिवालय से प्राप्त निर्देशों का पालन करते हुए ऑनलाईन पंजीकरण, ऑनलाईन परीक्षा फार्म, ऑनलाईन एडमिट कार्ड, ऑनलाईन उपस्थिति पंजी, ऑनलाईन मार्क्स शीट उपल्ब्ध तथा ऑटोमेटेड परीक्षाफल का प्रकाशन कराया जा रहा है।

दीक्षांत समारोह में बिहार के विश्वविद्यालयों के कुलाधिपति लालजी टंडन के अलावा शिक्षा मंत्री कृष्ण नंदन प्रसाद वर्मा, स्वास्थ्य मंत्री मंगल पाण्डे, विज्ञान एवं प्रावैधिकी मंत्री जय कुमार सिंह, प्रधान सचिव, शिाक्षा विभाग, आर॰ के॰ महाजन, प्रधान सचिव, स्वास्थ्य विभाग, संजय कुमार, प्रधान सचिव, विज्ञान एवं प्रावैधिकी हरजोत कौर बम्हारा, राज्यपाल सचिवालय के प्रधान सचिव विवेक कुमार सिंह; विश्वविद्यालय की सभा, कार्यकारिणी परिषद् एवं शैक्षणिक परिषद् के सदस्य; विश्वविद्यालय के सभी पूर्व कुलपति; विश्वविद्यालय के प्रतिकुलपति प्रो॰ (डॉ॰) एस॰ एम॰ करीम, कुलसचिव ई0 राजीव रंजन एवं विश्वविद्यालय के पदाधिकारी एवं कर्मी उपस्थित रहेंगे।

गोल्ड मेडल प्राप्त करने वालों की सूची

रोहित कुमार, डिप्लोमा इन एनास्थेसियोलॉजी (2015-18), पटना मेडिकल कॉलेज

अमित अभिषेक, डॉक्टर ऑफ मेडिसिन (एनास्थेसियोलॉजी) (2015-18), पटना मेडिकल कॉलेज

ज्योति, मास्टर ऑफ सर्जरी (ओप्थाल्मोलॉजी), (2015-18), पटना मेडिकल कॉलेज

अंकिता कुमारी, मास्टर ऑफ एजुकेशन (2016-18), सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ एजुकेशन

अल्पना पाठक, बैचलर ऑफ मेडीसिन एंड बैचलर ऑफ सर्जरी (2012-17), पटना मेडिकल कॉलेज

देवेंद्र कुमार मंडल, बीटेक, मैकेनिकल इंजीनियरिंग (2014-18), मोती बाबू प्रौद्योगिकी संस्थान, फोरबेसगंज
निकिता केविन नताल, बैचलर ऑफ एजुकेशन (2015-

17), सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ एजुकेशन, पटना
श्रुति सिंह, बैचलर ऑफ बिज़नेस एडमिनिस्ट्रेशन (बीबीए) (2015-18), सीमेज प्रोफेशनल कॉलेज, पटना

अनिकेत कुमार, बीसीए (2015-18), सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी, पटना

निहाल कुमार, बैचलर इन कॉमर्स (प्रोफेशनल) (2015-18), सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी, पटना

संजू कुमारी, बैचलर ऑफ बिजनेस इकोनॉमिक्स (2015-18), सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी, पटना

आरुषी जायस्वाल, बैचलर ऑफ मास कम्युनिकेशन (2015-18), सेंट जेवियर्स कॉलेज ऑफ मैनेजमेंट एंड टेक्नोलॉजी, पटना

कुमारी अंजू आर्य, बेसिक बीएससी, नर्सिंग (2013-17), नेश्नल इंस्टीट्यूट ऑफ हेल्थ, एजुकेशन एंड रिसर्च, पटना

प्रियंका कुमारी, डिप्लोमा इन हेल्थ केयर (2015-16), राजेंद्र मिश्रा कॉलेज, सहरसा

सोनी कुमारी, डिप्लोमा इन हेल्थ केयर (2016-17), राजेंद्र मिश्रा कॉलेज, सहरसा

सर्वश्रेष्ठ स्नातक

अल्पना पाठक (एमबीबीएस में सर्वश्रेष्ठ स्नातक) (2012-17), पटना मेडिकल कॉलेज

अनिश फातिमा (इंजीनियरिंग में सर्वश्रेष्ठ स्नातक (2014-18), विद्या विहार इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी, पूर्णिया।