टेक्नोलाॅजी कामकाज में पारदर्शिता लायेगा: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार

236
0
SHARE

पटना, 14 सितम्बर 2017: मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने होटल मौर्या में आयोजित बिहार आई0टी0 और आई0टी0ई0एस0 इनवेस्टर्स काॅनक्लेव 2017 का दीप प्रज्ज्वलित कर उद्घाटन किया। इस अवसर पर आयोजित काॅनक्लेव में आये प्रतिनिधियों को संबोधित करते हुये मुख्यमंत्री ने कहा कि सबके लिये यह खु्शी की बात है कि आज आई0टी0 और आई0टी0ई0एस0 इनवेस्टर्स काॅनक्लेव 2017 का आयोजन हुआ है। काॅनक्लेव में इस क्षेत्र से संबंधित जिन बातों की चर्चा होनी चाहिये, उन पर काॅनक्लेव में आये अनुभवी लोगों द्वारा चर्चा की गयी है।

उन्होंने कहा कि बिहार सरकार की बिहार में आई0टी0 सेक्टर के विकास में काफी दिलचस्पी है। इस क्षेत्र के विकास के लिये हमने अपनी तरफ से उचित कदम उठाये हैं। बहुत जगहों पर इस क्षेत्र के विकास के लिये इंतजाम किया गया है। राजगीर में जहाॅ नालंदा विश्वविद्यालय के नये कैम्पस का निर्माण किया जायेगा, उसी के बगल में एक सौ एकड़ भूमि आई0टी0 सिटी के लिये उपलब्ध कराया गया है, इसके अलावा जो लोग पटना के आसपास काम करना चाहते हैं, उनके लिये बिहटा में आई0टी0 पार्क के लिये जमीन उपलब्ध कराया है, साथ ही पटना शहर में आई0टी0 टावर के लिये भूमि उपलब्ध कराया है। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के विकास हेतु बुनियादी आवष्यकताओं को उपलब्ध कराने के लिये ठोस कदम उठाये गये हैं। बिहार में हार्डवेयर हो या साॅफ्टवेयर सबके लिये बड़ी गुंजाइश है।
01 (1)

मुख्यमंत्री ने कहा कि आई0टी0 सेक्टर में दुनिया भर में भारत के लोग काफी संख्या में काम करते हैं, उसी तरह बिहार के लोग भी इस क्षेत्र में काम कर रहे हैं। बिहार में भी इस क्षेत्र में संभावनाएं बड़ी है। यहाॅ के लोगों की इस क्षेत्र में बड़ी दिलचस्पी है। उन्होंने कहा कि आज बिहार आई0टी0 एवं आई0टी0ई0एस0 इनवेस्टमेंट प्रमोशन विजन 2017 एवं बिहार ई0एस0डी0एम0 विजन 2017 जारी किया गया है। बिहार में उद्योग को बढ़ावा देने के लिये जब से हमने काम करना शुरू किया तो औद्योगिक नीति बनायी गयी। औद्योगिक नीति के तहत कुछ सेक्टरों को प्राथमिकता दी गयी। आई0टी0, फूड प्रोसेसिंग, रेडिमेड उद्योग को प्राथमिकता दी गयी। 2016 के औद्योगिक नीति में उद्योग को और बढ़ावा दिया गया है, इसके लिये कानून भी बना दिया गया है। अब नये प्रपोजल पर एक निर्धारित समय सीमा के अंदर निर्णय लेना होगा।

क्लियरेंस लेने के लिये भी भागदौड़ नहीं करनी होगी। सभी कुछ आॅनलाइन होगा। अगर समय के अंदर क्लियरेंस नहीं हुआ तो डिम्ड क्लियरेंस का प्रावधान है। उन्होंने कहा कि बिहार में बहुत सारी संभावनाएं हैं। आई0टी0 क्षेत्र के लिये इसमें और संशोधन किया जायेगा। उन्होंने कहा कि आई0टी0 सेक्टर में हार्डवेयर या साॅफ्टवेयर कोई भी उद्योग लगाने, जिसमें कुल निवेश कम से कम पाॅच करोड़ का हो एवं पचास से अधिक व्यक्ति कोर एक्टिविटी में लगाये गये हों, को उच्च प्राथमिक क्षेत्र में रखा जायेगा। ऐसे यूनिट को विषेष रियायत दिया जायेगा वषर्ते कि तीन वर्ष के अंदर निवेष का कार्य पूरा करना होगा। वर्तमान नीति में बिहार औद्योगिक क्षेत्र विकास प्राधिकार अथवा इसके बाहर किये जाने वाले इकाईयों के लिये भूमि, शेड के लीज, बिक्री, हस्तांतरण पर लगने वाले स्टाम्प ड्यूटी एवं
07
टेक्नोलाॅजी कामकाज में………….2

पंजीकरण शुल्क में सौ प्रतिशत प्रतिपूर्ति का प्रावधान इकाई के उत्पादन में आने के बाद किया गया है लेकिन आई0टी0 क्षेत्र के लिये उत्पादन पूर्व ही इकाई को स्टाम्प ड्यूटी एवं पंजीकरण शुल्क में सौ प्रतिषत छूट दी जायेगी। साथ ही भूमि समपरिवर्तन शुल्क में ऐसे इकाई को उत्पादन के पूर्व ही सौ प्रतिशत की छूट होगी। वर्तमान नीति में वैसे इकाईयों को ब्याज अनुदान देने का प्रावधान किया गया है, जो किसी बैंक के द्वारा या आर0बी0आई0 एवं सेबी से पंजीकृत वितीय संस्थान से टर्म लोन प्राप्त किया हो, उसे ब्याज का दस प्रतिशत ब्याज अनुदान देने का प्रावधान किया गया है।

इस अनुदान की अधिकतम सीमा स्वीकृत परियोजना लागत का तीस प्रतिशत है। आई0टी0 क्षेत्र के इकाई के लिये इस सीमा को बढ़ाकर स्वीकृत परियोजना लागत का पचास प्रतिशत किया जायेगा तथा अनुदान की अधिकतम सीमा दस करोड़ से बढ़ाकर बीस करोड़ की जायेगी। साथ ही आई0टी0 सेक्टर के नये इकाई को उत्पादन के तिथि से पाॅच वर्षों तक एस0जी0एस0टी0 में शत-प्रतिषत छूट होगी। साथ ही इकाई को नियोजन लागत अनुदान एवं कौशल विकास अनुदान भी दिया जायेगा।
05 (1)
सूचना प्रोद्यौगिकी तथा सूचना प्रोद्यौगिकी आधारित सेवायें एवं इलेक्ट्राॅनिक हार्डवेयर विर्निर्माण प्रक्षेत्र में नियेाजित सामान्य कर्मियों को पचास प्रतिशत तथा अनुसूचित जाति/जनजाति एवं महिला कर्मियों को सौ प्रतिशत ई0एस0आई0 एवं ई0पी0एफ0 योजनान्तर्गत अनुदान पाॅच वर्षों के लिये दिया जायेगा, जिसकी अधिकतम सीमा अनुसूचित जाति/जनजाति एवं महिला कर्मियों के लिये एक हजार रूपये एवं सामान्य के लिये 500 रूपये होगा। अनुदान का लाभ उन्हीं कर्मियों को देय होगा, जो बिहार राज्य के मूल निवासी होंगे। ऐसे संस्थानों को कौशल विकास अनुदान भी दिया जायेगा। आई0टी0 उद्योग को प्रति व्यक्ति बीस हजार या बी0एस0डी0एम0 का दर जो भी कम हो, अनुदान दिया जायेगा। यह अनुदान वैसे प्रशिक्षित कर्मियों को दिया जायेगा, जो बिहार राज्य के निवासी हों तथा इन प्रषिक्षित कर्मियों को कम्पनी द्वारा कम से कम एक वर्ष के लिये रखा जाना आवश्यक होगा।

मुख्यमंत्री ने कहा कि अन्य जगहों की तुलना में आपको यहाॅ ज्यादा मेहनती एवं विश्वसनीय लोग मिलेंगे। इस संदर्भ में मुख्यमंत्री ने अपने भूटान दौरे का उदाहरण भी दिया। उन्होंने कहा कि बिहार के लोग मेहनती हैं और ईमानदारी से काम करते हैं। आपको देश के अंदर बिहार के लोग सभी जगह मिल जायेंगे। बिहारी अगर बाहर जाता है तो वहाॅ बोझ नहीं बनता बल्कि वहाॅ का बोझ अपने कंधों पर उठाता है। उन्होंने इनवेस्टर्स काॅनक्लेव में आये उद्योग जगत के प्रतिनिधियों को कहा कि आप यहाॅ उद्योग लगायें, यहाॅ कोई परेशानी नहीं होगी।

आपको हर तरह की सुविधा एवं संरक्षण दिया जायेगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि बिहार ज्ञान की भूमि है। नालंदा विश्वविद्यालय, बिक्रमशिला विश्वविद्यालय और तेलहाड़ा विश्वविद्यालय यहाॅ अवस्थित थे। भगवान बुद्ध को यहीं ज्ञान प्राप्त हुआ। भगवान महावीर का जन्म, उनको ज्ञान तथा निर्वाण यहीं प्राप्त हुआ। पाटलिपुत्र मगध साम्राज्य की राजधानी थी। यही चाणक्य ने अर्थशास्त्र की रचना की जो गवर्नेंस पर आज भी प्रासंगिक है। शून्य का आविष्कार भी इसी भूमि पर हुआ। उन्होंने कहा कि बिहार का अपना एक विशिष्ट स्थान रहा है।

हम पुनः उस स्थान को प्राप्त करेंगे। आप सभी को हर प्रकार का सहयोग दिया जायेगा। उन्होंने कहा कि आज की सबसे बड़ी चुनौती भ्रष्टाचार को रोकने का तकनीक के अलावा कोई दूसरा तरीका नहीं है। मुख्यमंत्री ने साइबर क्राइम की भी चर्चा की। उन्होंने कहा कि टेक्नोलाॅजी पर ध्यान देने की जरूरत है। समाज धीरे-धीरे आई0टी0 पर निर्भर होते जा रहा है। इसका कोई दुरूपयोग न करे, इस पर ध्यान देने की जरूरत है। टेक्नोलाॅजी कामकाज में पारदर्शिता लायेगा। उन्होंने कहा कि आई0टी0 सेक्टर की लोकप्रियता काफी बढ़ रही है। इस सेवा से संबंधित इकाई यहाॅ भी लगायें। उन्होंने कहा कि काॅनक्लेव में आये सभी को हृदय से धन्यवाद दिया एवं अभिनंदन किया।

02 (2)
टेक्नोलाॅजी कामकाज में………….3

इस तरह का आयोजन भविष्य में भी होता रहना चाहिये। आयोजित काॅनक्लेव में केन्द्रीय मंत्री रविशंकर प्रसाद ने साइबर सिक्युरिटी से संबंधित एक संस्थान की पटना में स्थापना करने की घोषणा की। यह संस्थान डिजिटल पुलिसिंग, साइबर सिक्युरिटी प्रशिक्षण एवं डिजिटल फाॅरेंसिक से संबंधित होगा। आयोजित काॅनक्लेव को उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, उद्योग मंत्री जयकुमार सिंह ने भी संबोधित किया। अध्यक्ष यू0एस0 इंडिया स्टैटजिक पाटर्नरशिप फोरम मुकेश अघी ने मुख्यमंत्री नीतीश कुमार को अमेरिका आने का आमंत्रण दिया। आयोजित काॅनक्लेव में हैकथलन 2017 के विजयी टीमों को मुख्यमंत्री, उप मुख्यमंत्री एवं केन्द्रीय मंत्री द्वारा पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर सचिव सूचना एवं प्रावैधिकी विभाग द्वारा मुख्यमंत्री सहित सभी अतिथियों को प्रतीक चिह्न भेंट किया गया। आयोजित काॅनक्लेव में मुख्यमंत्री द्वारा इनवेस्ट आई0टी0 लघु विडियो फिल्म का लोकार्पण किया गया। साथ ही आई0टी0 एवं आई0टी0ई0एस0 इनवेस्टमेंट प्रमोशन विजन 2017 एवं बिहार ई0एस0डी0एम0 विजन 2017 का लोकार्पण किया गया।

इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी, उद्योग मंत्री जयकुमार सिंह, प्रधान सचिव वाणिज्यकर सुजाता चतुर्वेदी, प्रधान सचिव उद्योग डाॅ0 एस0 सिद्धार्थ, प्रधान सचिव श्रम संसाधन दीपक कुमार सिंह, सचिव सूचना एवं प्रावैधिकी राहुल सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव मनीष कुमार वर्मा, अध्यक्ष यू0एस0 इंडिया स्टैटजिक पाटर्नरषिप फोरम मुकेश अघी, नेशनल प्रेसिडेंट इंडियन सेल्युलर एसोसिएशन पंकज मोहिन्द्रो, डिप्टी सी0ई0ओ0 के0पी0एम0जी0 अखिल बंसल सहित उद्योग जगत के प्रतिनिधिगण एवं अन्य गणमान्य व्यक्ति उपस्थित थे।