प्रत्येक वर्ष विशेष मछुआरा दिवस के अवसर पर सरकार सिर्फ घोषणा करती है धरातल पर एक भी योजनाओं का अता-पता नहीं चलता है : मुकेश सहनी

91
0
SHARE

पटना – विशेष मछुआरा दिवस के अवसर पर राष्ट्रीय अध्यक्ष सन् ऑफ मल्लाह मुकेश सहनी ने प्रेस विज्ञप्ति जारी करते हुए कहे कि आज पूरे बिहार के मछुआरे आश्वस्त थे कि पशु एवं मत्स्य संसाधन विभाग (बिहार सरकार) के द्वारा आनन-फानन में 200/300/400/500 गुणा तक बढ़ाये हुए जलकर राजस्व आदेश को वापस ले लेगी। आज एक रूपया टोकन मनी पर जलकरों की बन्दोबस्ती करने का आदेश जारी होगा।

उन्होंने कहा कि मत्स्यजीवी सहयोग समितियों के सदस्यों को मजबूती प्रदान करने हेतु नये-नये योजनाओं का शुभारंभ होगा। लेकिन आज निषाद समाज को सिर्फ गुमराह करने का काम किया गया विशेष मछुआरा दिवस की सिपर्फ खानापूर्ति/भाषणबाजी करने का काम किया गया। प्रत्येक वर्ष विशेष मछुआरा दिवस के अवसर पर सरकार सिर्फ घोषणा करती है धरातल पर एक भी योजनाओं का अता-पता नही चलता है। जो खेदजनक है एवं चिंता का विषय है। हमने सरकार को 20 दिनों के अन्दर आदेश को वापस लेने का समय दिया था लेकिन परिणाम शून्य निकला। हम कल से मत्स्यजीवी सहयोग समितियों एवं निषाद समाज के हक-हकुम के लिए आन्दोलन छेड़ेगे।

उन्होंने कहा कि विकासशील इंसान पार्टी सरकार से अविलम्ब तुगलकी फरमान बढ़े हुए राजस्व को वापस लेने की मांग करती है, हम प्रदेश के मछुआरों के साथ इस तरह का अन्याय नहीं सहेंगे। वीआईपी सरकार के इस तुगलकी फैसले के खिलाफ विशाल आन्दोलन करेगी। हमने पहले भी आंदोलन कर सरकार को झुकने पर मजबूर किया है। अतिशीघ्र फैसला वापस नही लेने पर विशाल आंदोलन कर सरकार को झुकने पर मजबूर किया जाएगा। तमाम मत्स्यजीवी सहयोग समिति के अध्यक्ष एवं सचिव से अपील की जाती है कि पुराने राजस्व का ही भुगतान करें, बढ़े हुए राजस्व का भुगतान नहीं करें।