बारिश से मची त्राहि-त्राहि

133
0
SHARE

दिलीप कुमार

कैमूर – जिले में पिछले तीन दिनों से लगातार हो रही बारिश और उत्तर प्रदेश के मूसाखाड़ और नौगढ़ लतीफशाह बांध का लगभग 49 हजार क्यूसेक पानी छोड़ने से बाढ़ का खतरा मंडरा रहा है। जिसके कारण नदियों का जल स्तर उफान पर है। नदी किनारे बसे गांव पर डूबने का खतरा मंडरा रहा है। जिले के कर्मनाशा और सुअरा नदी में अचानक जलस्तर बढ़ गया, जिससे कैमूर जिले के भगवानपुर प्रखंड के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र और कस्तूरबा गांधी विद्यालय में कल पानी घुस चुका था। लेकिन लगातार वर्षा होने के कारण आज दुर्गावती प्रखंड के आधा दर्जन गांव में पानी घुस गया है। लगभग 400 एकड़ धान की फसलें जलमग्न हो गई हैं। नदियां खतरे के निशान से ऊपर बह रही है।

वहीं फ्रेट कॉरिडोर का निर्माण कर रही CNC कंपनी के आधा दर्जन हाइवा ट्रक डूब गया है। किसी तरह से वहां रह रहे लोगों ने dj मशीन और एक पोकलेन गाड़ी को बाहर निकाला। बाकी सात गाड़ियां पानी में ही डूब गई।

वहीं ग्रामीणों ने बताया कि कल रात में हम लोगों ने खाना खाकर अपने घर में सोने के लिए गए। तब तक पानी हम लोगों के घरों में थोड़ा-थोड़ा घुस रहा था। जब तक हम लोग अपने सामान को हटाते तब तक पानी हम लोगों के कमर से ऊपर बढ़ गया। सारा सामान छोड़कर बच्चों को लेकर हम लोग ऊंची जगह पर आएं।

वहीं दूसरी तरफ फ्रेट कॉरिडोर के कार्य में लगे CNC कंपनी के सुपरवाइजर ने बताया कि कल शाम छह बजे तक कार्य हो रहा था। आधा दर्जन ट्रक गिट्टी लेकर आया था, जो खाली करके सुबह वापस जाना था। वह भी अचानक पानी में बढ़ोतरी आने के कारण पूरा ट्रक ही डूब गया है। अगर इसी तरह से जल स्तर में वृद्धि हुई तो कई गांवों में पानी घुस जाएगा।

मोहनिया अनुमंडल पदाधिकारी शिवकुमार रावत ने बताया कि मुझे जानकारी मिली है, नदी किनारे बसे गांव के लोगों को ऊंचे स्थान पर जाने के लिए कह दिया गया है, और लगातार उन लोगों को चौकस रहने की हिदायतें दी जा रही है।