बीए में फेल हुआ फर्स्ट, रूबी राय की याद हुई ताजा

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भागलपुर: तिलकामांझी भागलपुर विश्वविद्यालय में अंकपत्र में हेराफेरी का खेल जारी है। इस बार बीए ऑनर्स में फेल निलेश कुमार को फस्र्ट डिवीजन से पास कर दिया गया। निलेश को पार्ट थ्री के अंकपत्र में 10 नंबर को 70, 8 को 68 व 4 को 64 कर दिया गया है।

इसका खुलासा निगरानी के कहने पर विश्वविद्यालय की जांच में हुआ है। फिलवक्त निलेश कहलगांव स्थित सदानंद वैसा मध्य विद्यालय में शिक्षक पद पर पदस्थापित है। उसकी नौकरी अनुकंपा के आधार पर हुई है। उसने अन्य प्रमाणपत्रों के साथ पार्ट थ्री ऑनर्स का अंकपत्र भी जमा किया है।

गड़बड़झाले की सूचना मिलने पर निगरानी के पुलिस निरीक्षक सुरेंद्र कुमार सरोज ने विश्वविद्यालय प्रशासन को पत्र लिखकर निलेश के अंकपत्रों की जांच कराने की मांग की थी। विश्वविद्यालय प्रशासन ने जब जांच की तो अंकपत्रों में हेराफेरी का मामला उजागर हुआ।

निलेश कुमार एसएसवी कॉलेज कहलगांव का छात्र था। उसने वर्ष 2013 में बीएससी ऑनर्स की परीक्षा टीएनबी कॉलेज सेंटर पर दी। उसका रोल नंबर 1119022598 और पंजीयन संख्या 25388/2010 बीएससी है। जन्म तिथि 15 जनवरी 92 है। पिता का नाम मुरलीधर शर्मा है।

विश्वविद्यालय ने जो अंकपत्र निलेश को निर्गत किया है, उसमें पार्ट थ्री पंचम पत्र में 70, षष्ठ में 68 व सप्तम में 64 नंबर है। इसके अनुसार निलेश 63.62 फीसद अंक प्राप्त कर प्रथम श्रेणी से उत्तीर्ण हुआ है जबकि विश्वविद्यालय के टेबुलेशन रजिस्टर में निलेश का जो अंक दर्ज है उसमें पंचम पत्र में 10, षष्ठ में 8 व सप्तम में 4 अंक हैं।

निगरानी विभाग के सूत्रों ने बताया कि निलेश कुमार के विरुद्ध 23 सितंबर को मामला दर्ज किया गया है। सूत्रों ने बताया कि निगरानी अन्वेषण ब्यूरो के आग्रह पर सौ से अधिक मामलों की जांच विश्वविद्यालय प्रशासन करा रहा है। इस दौरान कई और मामले पकड़े गए हैं। इनका खुलासा होना अभी बाकी है।

परीक्षा नियंत्रक अरुण कुमार सिंह ने कहा कि फर्जी अंकपत्र के जो भी मामले निगरानी जांच में आ रहे हैं, उनके अंकपत्र को रद कर रिपोर्ट दी जा रही है। ऐसे मामलों को अनुशासन समिति में रखा जाएगा।

#नवनीत मिश्र(जागरण)