मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने शासन के 13 वर्षों में छात्रों की हर सुविधा का ख्याल रखा है – आरसीपी सिंह

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जदयू के राष्ट्रीय महासचिव (संगठन) व राज्यसभा में संसदीय दल के नेता आरसीपी सिंह की अध्यक्षता में जदयू प्रदेश मुख्यालय में चल रही पार्टी के प्रकोष्ठों की समीक्षा बैठक के अंतिम दिन बारी थी छात्र और उद्योग प्रकोष्ठों की। इस दौरान इन प्रकोष्ठों के अध्यक्ष क्रमश: श्याम पटेल एवं संजय खंडेलिया के साथ-साथ विधानपार्षद संजय गांधी, ललन कुमार सर्राफ तथा प्रदेश महासचिव व मुख्यालय प्रभारी द्वय डॉ. नवीन कुमार आर्य एवं अनिल कुमार मौजूद रहे।

बैठक के दौरान आरसीपी सिंह ने कहा कि जदयू के राष्ट्रीय अध्यक्ष व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने अपने शासन के 13 वर्षों में छात्रों की हर उस सुविधा का ख्याल रखा है जिससे उनकी प्रतिभा की उड़ान बाधित ना हो। उन्होंने कहा कि चाहे स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना हो, चाहे कुशल युवा कार्यक्रम, चाहे नए स्कूलों, कॉलेजों, छात्रावासों और विश्वविद्यालयों का निर्माण, नीतीश कुमार ने वो किया जो पहले कभी नहीं हुआ था। सिंह ने कहा कि 2005-06 में शिक्षा के लिए बिहार के बजट में 4261 करोड़ रुपये दिए गए थे, वहीं 2017-18 में इसके लिए 25 हजार करोड़ का प्रावधान किया गया। राज्य सरकार ने बजट का 20 प्रतिशत से ज्यादा हिस्सा शिक्षा के लिए निर्धारित किया, जो अपने आप में बहुत बड़ी बात है।

उन्होंने कहा कि छात्र प्रकोष्ठ का ये दायित्व है कि वे इन बातों से छात्र समुदाय को अवगत कराएं। उन्होंने कहा कि अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, अतिपिछड़ा और अल्पसंख्यक छात्रों के यूपीएससी एवं बीपीएससी की प्रारंभिक परीक्षा पास करने पर क्रमश: 1 लाख और 50 हजार की प्रोत्साहन राशि देने का प्रावधान हो या फिर स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना के तहत 4 लाख तक के ऋण का गारंटर सरकार का होना, ऐसा केवल बिहार में हुआ है। हमें इन बातों को जन-जन तक पहुँचाना होगा।

आरसीपी सिंह ने उद्योग प्रकोष्ठ के बैठक को संबोधित करते हुए कहा कि नीतीश कुमार की बदौलत आज बिहार में ऐसा माहौल है कि देश-दुनिया से लोग बिहार में उद्योग लगाने को लेकर उत्साह दिखा रहे हैं। इसी क्रम में उन्होंने नीतीश कुमार की जापान यात्रा का भी उल्लेख किया और कहा कि इससे उद्योग के क्षेत्र में संभावनाओं के कई नए द्वार खुले हैं। आरसीपी सिंह ने अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति के युवाओं को दिए जाने वाले 10 लाख तक के ब्याजमुक्त ऋण, जिसमें 5 लाख अनुदान होगा, का भी उल्लेख किया और कहा कि इन योजनाओं की जानकारी और लाभ बिहारवासियों को मिले, इसकी लगातार कोशिश होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सारे प्रकोष्ठ घर-घर जाकर अपने नेता द्वारा किए कार्यों को बताएं क्योंकि हमारा काम ही हमारी ताकत है। इसी की बदौलत पंचायत स्तर तक हम अपने संगठन को भी मजबूती दे पाएंगे।

प्रदेश महासचिव सह मुख्यालय प्रभारी अनिल कुमार ने बताया कि 26 जून यानि की आज मधुबनी से शुरू होने वाले रोड शो और अतिपिछड़ा सम्मेलन का 15 अगस्त तक का जिलावार कार्यक्रम पहले से ही घोषित है। इसी क्रम में सात और जिलों का कार्यक्रम तय कर लिया गया है।