विश्व मृदा दिवस पर राज्य के सभी जिलों के पंचायतों में वार्ड स्तर पर किया जायेगा हेल्थ कार्ड का वितरण -डाॅ॰ प्रेम कुमार

259
0
SHARE

पटना – बिहार के कृषि विभाग मंत्री डाॅ॰ प्रेम कुमार ने बताया कि 05 दिसम्बर, 2018 को विश्व मृदा दिवस का आयोजन किया जाता है। इस अवसर पर राज्य में राज्य, जिला एवं प्रखण्ड स्तर पर विश्व मृदा दिवस का आयोजन किया जायेगा। राज्य के किसानों के बीच 05 दिसम्बर से 15 दिसम्बर, 2018 तक सभी जिलों के सभी पंचायतों में वार्ड स्तर पर मृदा स्वास्थ्य कार्ड का वितरण किया जायेगा। इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य किसानों को संतुलित उर्वरक के उपयोग की जानकारी देना एवं किसानों को मृदा स्वास्थ्य कार्ड के आधार पर अनुशंसित मात्रा में उर्वरकों के प्रयोग के लिए प्रोत्साहित करना है।

मंत्री ने कहा कि असंतुलित उर्वरकों का प्रयोग, फसल सघनीकरण, जनसंख्या का दवाब, बढ़ते प्रदूषण एवं अनुपयुक्त कृषि क्रियाओं के कारण मिट्टी के स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है। उन्होंने कहा कि मानव समृद्धि एवं मानव सभ्यता के अस्तित्व तथा पारिस्थितिक तंत्र के संतुलन को बनाये रखने में मिट्टी के महत्ता की ओर ध्यान आकृष्ट करने के उद्देश्य से विश्व खाद्य एवं कृषि संगठन के द्वारा 05 दिसम्बर को विश्व मृदा दिवस आयोजित करने का आह्वाहन किया गया है।

उन्होंने आगे बताया कि दीर्घकाल तक अच्छी उपज प्राप्त करने के लिए यह आवश्यक है कि खेती के मिट्टी के स्वास्थ्य का भरपूर ध्यान रखा जाये। इसके लिए समय-समय पर मिट्टी की जाँच करानी चाहिए तथा मिट्टी जाँच की अनुशंसा के आधार पर फसल के लिए जैविक एवं रासायनिक उर्वरकों की अनुशंसित मात्रा का उपयोग किया जाये। उन्होंने कहा कि अनुशंसित मात्रा में उर्वरकों के उपयोग से मिट्टी का स्वास्थ्य अच्छा बना रहता है, खेती की लागत में कमी आती है तथा फसलों के उत्पादन एवं उत्पादकता में वृद्धि होती है और इस प्रकार किसानों के आय में बढ़ोत्तरी होती है।

डाॅ॰ कुमार ने कहा कि मिट्टी उर्वरता बनाये रखने के लिए मृदा स्वास्थ्य प्रबंधन के अंतर्गत किसान भाई-बहन द्वितीयक और लघु पोषक तत्त्वों सहित उर्वरकों का मृदा जाँच के आधार पर प्रयोग करें। कम्पोस्ट, हरी खाद एवं जैव उर्वरकों का उपयोग करें। मिट्टी के आॅर्गेनिक कार्बन का रख-रखाव करें। उन्होंने राज्य के अन्नदाता किसान भाइयों एवं बहनों से अपील किया कि वे अपने-अपने वार्ड/पंचायत/प्रखण्ड में निर्धारित तिथि को निश्चित रूप से भाग लेकर इस योजना का लाभ उठायें।