सौर ऊर्जा से जगमगा उठा गाँव

132
0
SHARE

जहानाबाद – जिले से लगभग 30 किलोमीटर के दूरी पर एनएच किनारे बसा है धरनई गाँव जहाँ सौर ऊर्जा से जगमगा उठा है गाँव. वो गाँव जहाँ पिछले तीस वर्षों से अंधेरा कायम था. आज उसी गांव की गलियाँ, स्कूल और स्वास्थ्य केंद्र रोशनी से गुलज़ार है. इस माइक्रो ग्रिड की क्षमता 100 किलोवाट है. इसके बदौलत ही गाँव के लोगों को बिजली मिल रही है. गाँव की सड़कों पर सोलर स्ट्रीट लाइट लगे हैं.

पहले इस गाँव के लोग अंधेरे में अपना जीवनयापन करते थे. इस समस्या से तंग आकर गाँव के लोगों ने एक एनजीओ के साथ मिलकर सोलर माइक्रो ग्रिड स्थापित कर दिया. आज गाँव वालों के संघर्ष और विश्वास का नतीजा है कि अब रातों को भी रोशनी की जगमगाहट रहती है.

एक रिपोर्ट के अनुसार 150 घरों में बिजली मिल रही है. गाँव में सौर ऊर्जा के सहारे बिजली आपूर्ति का यह एक अनोखा पहल है. यहाँ का माइक्रो ग्रिड इकलौता विकेंद्रीकृत अक्षय ऊर्जा उत्पादन का मॉडल है. जिसकी क्षमता 100 किलोवाट है. जिसमें 70 किलोवाट क्षमता से लगभग 150 घरों और 10 दुकानों व व्यवसायिक प्रतिष्ठानों को बिजली आपूर्ति की जाती है.