ट्रस्ट की आड़ में 135 करोड़ की ठगी, 6 जिलों की महिलाओं के साथ जालसाजी, प्रबंधक के घर छापेमारी

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पटना
डेस्क।
ट्रस्ट की आड़ में करोड़ों की ठगी का
मामला सामने आया है। आरंभिक अनुमान के मुताबिक 6 जिलों मुजफ्फरपुर, शिवहर, सीतामढ़ी, पूर्वी चंपारण, पश्चिमी
चंपारण और वैशाली की महिलाओं के साथ जालसाजी की गई है। मोतिहारी में “मदर टेरेसा फ्यूचर फाउंडेशन ट्रस्ट” बनाकर इस आर्थिक हेराफेरी को जालसाजों ने अंजाम दिया है। इस बाबत
कुछ पीड़ित महिलाओं से शिकायत मिलने पर मधुबन थाने की पुलिस ने कार्रवाई शुरु कर
दी है। इस कड़ी मनें सबसे पहले ट्रस्ट के मैनेजर (प्रबंधक) निर्भय कुमार यादव के बंजरिया
गांव स्थित घर पर छापेमारी करके पुलिस ने ट्रस्ट से जुड़े  दस्तावेज आदि बरामद किए हैं। पुलिस अफसरों के मुताबिक मामले की
पड़ताल की जा रही है।

ठगी
का खास तरीका
: 3 हजार महिला समूह बनाए, प्रति समूह वसूले साढ़े 4 लाख रुपए  

शातिरों
ने कम पढ़ी-लिखी, गरीब व ग्रामीण महिलाओं को टारगेट करते हुए ठगी का खास तरीका
अपानाया था। मदर टेरेसा फ्यूचर फाउंडेशन को चेन्नई की एक चैरिटेबल ट्रस्ट का यूनिट (इकाई) बताया जाता था। इसकी आड़ में तीन वर्षों से महिलाओं
का समूह बना कर अवैध वसूली का जा रही थी। ट्रस्ट ने करीब 3 हजार महिला समूह बना कर
6 जिलों की महिलाओं के साथ जालसाजी की है। हर समूह से साढ़े 4 लाख रुपए वसूले जाने
की बात कही जा रही है।

ऐसे
खुला राज
:  भुगतान
मांगने पर प्रबंधक ने पहले किया इनकार फिर हुआ फरार

दरअसल
करोड़ों की जालसाजी के इस मामले का खुलासा उस समय हुआ जब बीते मंगलवार को  महिलाएं भुगतान के लिए प्रबंधक निर्भय यादव के
घर पहुंची। हालांकि उसने स्पष्ट रुप से पैसे देने से इनकार कर दिया। तब महिलाओं को
ठगी का एहसास हुआ। फिर सैकड़ों महिलाओं ने निर्भय के घर पर धावा बोल दिया। दरवाजा
नहीं खुलने पर वहीं बैठ गईं। काफी देर तक न निर्भय सामने आया और न ही दरवाजा खुला।
इसके बाद आक्रोशित पीड़ित महिलाओं ने दरवाजे पर ही तोड़फोड़ शुरु कर दिया। पुलिस
के आने पर महिलाएं निर्भय के घर के
पास से हट कर मधुबन मलंग चौक पर पहुंच कर
हंगामा करने लगीं। आखिरकार इस मामले में पुलिस की कार्रवाई शुरु होने पर पीड़ित महिलाओं
के तेवर नरम पड़े और माहौल सामान्य हुआ।

आरोपी
प्रबंधक फरार, ट्रस्ट का खाता सीज करने की मांग

बहरहाल
आरोपी मैनेजर निर्भय कुमार यादव फरार है। पुलिस की छापेमारी के दौरान वह घर पर
नहीं मिला। मधुबन थानांतर्गत बंजरिया निवासी ट्रस्ट के प्रबंधक निर्भय कुमार यादव ने चकिया के रानीगंज में मुख्य कार्यालय खोल
रखा था। पीड़ित महिलाओं ने ट्रस्ट के बैंक खाते को सीज करने की मांग
की है।