गोपालगंज में खुलेगा 70 बेड का ‘मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल’, होगा लोगों का मुफ्त इलाज

119
0
SHARE

पटना
डेस्क।
गोपालगंज जिले के बरौली प्रखंड में बनकट-खजुरिया
पथ पर स्थित छोटका बढ़ेया गांव में 70 बेड का ‘मल्टी
स्पेशियलिटी हॉस्पिटल’ खुलेगा। इसमें कई बीमारियों के इलाज की विशेष व्यवस्था रहेगी।
अहम पहलू यह भी है कि यहां मुफ्त इलाज होगा। गोपालगंज के जिला एवं सत्र न्यायाधीश
विष्णुदेव उपाध्याय ने ‘मल्टी स्पेशियलिटी हॉस्पिटल’
की अधारशिला रखी। इस मौके पर स्थानीय मुखिया नन्हे सिंह, वार्ड सदस्य मनु कुमार, हेलमेट
मैन शाहिद इमाम, गोपालजी मिश्रा समेत गांव के लोग बड़ी संख्या में मौजूद थे।

अगले
वर्ष चालू होगा हॉस्पिटल

इस
अस्पताल का निर्माण हरिओम जन सेवा संस्थान करवा रहा है। हरिओम जन सेवा संस्थान व हरिओम
फीड्स के निदेशक दिलीप कुमार सिंह ने बताया कि नए साल के मौके पर इलाके के
ग्रामीणों को अस्पताल का तोहफा मिलेगा। इस अस्पताल में छोटा ऑपरेशन, दवा, जांच, एक्स-रे व एंबुलेंस की सेवा 24 घंटे मरीजों को मिलेगी।
मोतियाबिंद के ऑपरेशन के लिए शिविर भी लगाया जाएगा।  

4
मंजिला होगा अस्पताल, 14 हजार स्क्वायर फीट में बनेगी इमारत

‘मल्टी
स्पेशियलिटी हॉस्पिटल’ 4 मंजिला होगा। कुल 14 हजार स्क्वायर फीट एरिया में इसके
इमारत का निर्माण कार्य होगा। अस्पताल में अत्याधुनिक ऑपरेशन थिएटर से लेकर मरीजों
के लिए जेनरल वार्ड,  भर्ती वार्ड,  दवा कक्ष,  पैथोलॉजी जांच घर, एक्सरे कक्ष, डॉक्टर व नर्स रूम तक की व्यवस्था
रहेगी। हरिओम जन सेवा संस्थान संस्थापक उपेंद्र सिंह ने कहा कि गरीबी, अशिक्षा व आर्थिक रुप से कमजोर होने की वजह से इस इलाके के लोग
अस्पतालों तक नहीं पहुंच पाते हैं। इलाज के अभाव में जान तक चली जाती है। ग्रामीणों
की परेशानी को देखते हुए नि:शुल्क मल्टी स्पेशियालिटी अस्पताल खोलने का निर्णय
लिया गया।

नि:शुल्क
एंबुलेंस सेवा का उद्घाटन 

हरिओम
जनसेवा संस्थान की ओर से भूमि पूजन के बाद जिला एवं सत्र न्यायाधीश ने फीता काट कर
एंबुलेंस सेवा का उद्घाटन किया। यह एंबुलेंस लोगों को मुफ्त सेवा देगी। विशेषकर सीनियर
सिटीजन, गर्भवती, सड़क दुर्घटना व किसी तरह की आपदा में
घायल मरीजों को अस्पताल तक पहुंचाने के लिए प्राथमिकता दी जायेगी। आयोजित
कार्यक्रम में जिला विधिक सेवा प्राधिकार के सचिव सह न्यायिक पदाधिकारी अम्बिका
चौधरी, सदर एसडीएम उपेंद्र पाल व अन्य गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे।