यूपी का गिरोह और बिहार में करता था डकैती-लूटपाट, 9 गुर्गों की गिरफ्तारी के बाद खुला राज, 3 राइफल व अन्य असलहे बरामद

502
0
SHARE

कैमूर
से दिलीप कुमार की रिपोर्ट।
यूपी
का गिरोह और गुर्गे बिहार में आकर डकैती-लूटपाट करते थे। कैमूर पुलिस के स्पेशल
ऑपरेशन में अंतरराज्यीय गैंग के 9 हथियारबंद गुर्गों की गिरफ्तारी के बाद बुधवार
यह राज उजागर हुआ। पकड़े गए अपराधी यूपी के वाराणसी व चंदौली जिले के रहने वाले
हैं। इनके पास 3 राइफल, 1 देशी पिस्तौल, 10
गोली,  5 खोखा (फायरिंग के बाद बचा गोली का भाग), 3 बाइक,  1 पिकअप वैन, 1 टीवी, 12 मोबाइल,  2 बकरी, चांदी-सोने के दर्जनों आभूषण और 24 हजार से अधिक रुपए बरामद किए गए हैं। पूछताछ के बाद सभी
आरोपियों को कोर्ट में पेश किया गया। इसके बाद अदालत ने उन्हें न्यायिक हिरासत में
जेल भेज दिया।

गुर्गों
ने भेड़-बकरी तक लूटे
: बीते अप्रैल में चैनपुर से लूटे थे 90
भेड़

यूपी
बेस्ड अपराधियों का गैंग कैश, सोना-चांदी व अन्य कीमती सामनों से लेकर भेड़-बकरी
तक की चोरी या लूटपाट करता था। बीते अप्रैल में चैनपुर में भेड़ मालिकों के
हाथ-पैर बांध कर उनके 700 में से 90 भेड़ लूटने के मामले में इन्हीं अपराधियों की
संलिप्तता सामने आई है। बकौल कैमूर एसपी राकेश कुमार बीते 30 अप्रैल की देर रात जिले के चैनपुर थानांतर्गत जिगनी बधार में 10 से 15 अपराधियों का गिरोह एक भेड़ मालिक के 90  भेड़ ले गया था। इसको
लेकर 1 मई को चैनपुर थाने में एफआईआर दर्ज कराई गई थी।

भेड़ों
की तलाश में गिरोह तक पहुंची पुलिस

दरअसल
एक साथ 90 भेड़ों को ले जाने के मामले को गंभीरता से लेते हुए कैमूर के एसपी ने भभुआ
डीएसपी के नेतृत्व में टीम का गठन करके तफ्तीश में लगाया गया था। जांच के दौरान सबसे
पहले चैनपुर के डुमरैठ से एक अपराधी को पकड़ा गया। फिर पूछताछ में उससे मिले सुराग
पर कैमूर से लेकर बनारस, मुगलसराय और चंदौली तक छापेमारी करके 9 गुर्गों को लाखों
के लूट के सामान, हथियार आदि के साथ रंगेहाथ पकड़ा गया।

5
अन्य गुर्गों की तलाश में छापेमारी जारी – एस.पी.

पुलिस
के मुताबिक यूपी और बिहार में इस गिरोह ने डकैती, लूट से लेकर हत्या तक की
वारदातों को अंजाम दिया है। पुराना आपराधिक इतिहास रहा है। गिरोह में कुछ गुर्गे
कैमूर जिले के अलग-अलग इलाकों के भी रहने वाले हैं। एसपी राकेश कुमार ने बताया कि गिरोह
के 5 गुर्गे अभी भी फरार हैं। उनकी तलाश में छापेमारी जारी है। पकड़े गए 9 अपराधियों में से तीन हत्या के मामले में पहले भी जेल जा चुके
हैं।