Wednesday, September 19, 2018

    History

    तो क्या इस गांव की रक्षा करते है चमगादड़!

    वैशाली: क्या चमगादड़ किसी की रक्षा कर सकते हैं? यकीन नहीं हो तो बिहार के इस गांव चले जाइए। यहां के लोगों का विश्वास है कि एक खास जगह हरने वाले चमगादड़ उनकी रक्षा...

    जन आंदोलन का जनक

    जयप्रकाश नारायण (जेपी) को आजादी के बाद जन आंदोलन का जनक माना जाता है। जेपी ने आजादी की लड़ाई में अंग्रेजों से लोहा लिया था। उन्होंने एक बार फिर क्रांति की मशाल अपने हाथ...

    औरंगाबाद: प्रकृति की सुंदरता और कदम-कदम पर बिखरा इतिहास

    बिहार के औरंगाबाद सूबे के आकर्षक शहरों में से एक है। औरंगाबाद शहर ऐतिहासिक घटनाओं के विरासत से गहरा रिश्ता है। जीवंत अतीत की आभा और करिश्मा के बल पर ये शहर यहां आने...

    कन्दाहा का गुमनाम सूर्य मंदिर

    सहरसा: कोणार्क और देव सरीखा नहीं अगर शास्त्र को मानें तो इन दोनों से श्रेष्ठ बिहार के सहरसा जिले के कन्दाहा ग्राम स्थित अति विशिष्ट सूर्य मंदिर आज सरकारी उपेक्षा और प्रशासनिक उदासीनता का...

    Best places to see in Aurangabad

    Aurangabad takes its name from Mughal emperor Aurangzeb and the district contains many monuments of historical importance and cultural interest. The National Highway 2 is none other than the famous Grand Trunk Road –...

    भीषण गर्मी से परेशान है तो आइए बिहार की कश्मीर ककोलत की हसीन वादियों...

    पटना: अगर आप गर्मियों की छुट्टी बिताने का मन बना रहे है तो आपको बिहार की उस खूबसूरत वादियों में लिये चलते है जिसे बिहार का कश्मीर कहा जाता है। जी हां आप सही...

    Kauva Dol: Historical place of Bihar

    Kauva Dol is situated at about 9 km east of Bela Railway station on Patna-Gaya line. It literally means ‘crowns swing’, due to a huge block of stone lying so well balanced on the...

    Patna : Musings down the ages

    Ancient Pataliputra’s architecture with its lofty buildings and parapets impressed Patanjali to the extent that he referred to them in his grammatical examples. Pataliputra’s fame as a centre of learning outlived its political glory....

    दिलचस्प है चाय का इतिहास, वाह बिहार!

    असम और दार्जिलिंग की चाय के बारे में तो सब जानते हैं लेकिन किशनगंज और कटिहार ब्रांड बिहार चाय है. बिहार में चाय की खेती सर्वप्रथम 1982 में किशनगंज जिले में आधा हेक्टेयर भूमि...

    राजधानी के मंदिरों में कलश स्थापना कर नवरात्र की पूजा शुरु हुई

    पटना: पटना में कलश स्थापना के साथ ही शुक्रवार को बिहार सहित पूरे देश में चैत्र नवरात्र की शुरुआत हो गया। सालभर में चार नवरात्र होते हैं जिसमें शारदीय नवरात्र और वासंतिक नवरात्र का...

    स्वतंत्रता की यात्रा

    भारत की स्वतंत्रता के इतिहास में बिहार की अग्रगण्य भूमिका रही है। सच तो यह है कि बिहार की पुण्य भूमि प्रत्येक आन्दोलन का गर्भगृह रही है। एक ओर जहाँ...

    लोगों के जीवन में रंग घोलती मधुबनी चित्रकला

    बिहार का मधुबनी जो चित्रकला के लिए विश्व प्रसिद्ध है। मधुबनी चित्रकला ने देश के अंदर ही नहीं बल्कि पूरे दुनिया में एक नया बाब लिखा है। प्रारम्भ में रंगोली के रुप में रहने...

    सुपौल के इस मंदिर में भीम ने की थी भोलेनाथ की पूजा

    बिहार के सहरसा फारबिसगंज रेलखंड पर सुपौल जिला स्थित है। सुपौल जिला वर्तमान सहरसा जिले से 14 मार्च 1991 में विभाजित होकर अस्तित्व में आया। सांस्कृतिक रुप से यह काफी समृद्ध जिला है। नेपाल...

    वैभवशाली इतिहास की अतीत को बयां करती विक्रमशिला विश्वविद्यालय

    भारत का इतिहास जितनी पुरानी उतनी ही पुरानी बिहार की भी है। बिहार प्राचीन काल से ही शिक्षा के प्रमुख केंद्र के रूप में विख्यात रहा है। भारत के प्राचीन तक्षशिला विश्वविद्यालय के समान...

    रुठ गई गंगा, दूर भाग रही जल धारा

    पटना: अप्रैल के प्रथम सप्ताह से ही गर्मी ने अपना तेवर दिखाना शुरु कर दिया था। अभी मई- जून की भीषण गर्मी और सूरज की तपिश तो अभी बाकि है। पर इस चिलचिलाती धूप...