फसल क्षति के लिए 151 करोड़ 53 लाख की राशि की गई स्वीकृत, जल्द किसानों को मिलेगी मदद- अनुपम कुमार

217
0
SHARE

PATNA: राजधानी में मंगलवार को वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से सूचना जन-सम्पर्क विभाग के सचिव अनुपम कुमार, स्वास्थ्य विभाग के सचिव लोकेश कुमार सिंह एवं पुलिस मुख्यालय से ए.डी.जी जितेन्द्र कुमार ने मीडियाकर्मियों को कोरोना संकट से उत्पन्न हालात को लेकर सरकार द्वारा किये जा रहे कार्यों की जानकारी दी.
सूचना जन-सम्पर्क विभाग के सचिव अनुपम कुमार ने कहा कि मुख्यमंत्री कोरोना से उत्पन्न हालात के हर पहलूओं की लगातार समीक्षा कर रहे हैं और जरुरतमंद को हरसंभव मदद का लगातार निर्देश दे रहे हैं.

सूचना एवं जन-सम्पर्क विभाग के सचिव ने जानकारी देते हुए बताया कि कोरोना के रूप में एक ऐसी वैश्विक आपदा सबके सामने है जिससे निपटना एक चुनौतीपूर्ण कार्य है. सरकार इस चुनौती से निपटने के लिए दिन-रात काम कर रही है. यह संक्रामक बीमारी है, इसलिए इसके फैलाव को रोकना सरकार के लिए सबसे चुनौतीपूर्ण कार्य है, जो सभी लोगों के सहयोग से ही संभव है.

हाल के दिनों में प्रवासी लोगों के लगातार आने से चुनौतियां भी बढ़ी है. लगातार कोरोना पॉजिटिव लोगों की संख्या भी बढ़ रही है. क्वारंटाइन सेंटर में लगातार प्रवासी लोग आ रहे हैं, उनको हर संभव सुविधाएं दी जा रही हैं. क्वारंटाइन सेंटर में कभी किसी चीज की दिक्कत होती है, तो सरकार की तरफ से उसका तुरंत समाधान किया जाता है. लोगों से अपील है कि वे किसी अफवाह पर ध्यान ना दें ना ही किसी के बहकावे में आएं. इस बीमारी की गंभीरता को समझते हुए धैर्य बनाकर रखें, सबको मिलकर इस चुनौती से निपटना है.

सूचना सचिव ने कहा कि फरवरी, मार्च एवं अप्रैल में आसमयिक बारिश और ओलावृष्टि से हुई फसल क्षति के लिए कृषि इनपुट अनुदान की राशि किसानों के खाते में लगातार भेजी जा रही है. फरवरी में हुई फसल क्षति के लिए 60 करोड़ की राशि स्वीकृत की गई थी, जिसमें अब तक 1 लाख 49 हजार किसानों के खाते में 45 करोड़ 66 लाख रुपये की राशि भेज दी गई है. वहीं मार्च में हुई फसल क्षति के लिए 518 करोड़ 42 लाख रुपये की राशि स्वीकृत की गई थी, जिसमें अब तक 6 लाख 99 हजार किसानों के खाते में 255 करोड़ 86 लाख रुपये की राशि भेज दी गई है।वहीं अप्रैल में हुई फसल क्षति के लिए 151 करोड़ 53 लाख की राशि स्वीकृत की गई है. इसके लिए सर्वे का काम किया जा रहा है, ऐसे किसानों को भी जल्द ही मदद दी जाएगी.

सूचना सचिव ने बताया कि अभी 7 हजार 8 सौ 40 ब्लाक क्वारंटाईन सेंटर में लगभाग साढ़े 5 लाख लोग आवासित हैं, जिन्हें तय दिशानिर्देश के मुताबिक सारी सुविधाएं दी जा रही है. बिहार में चल रहे आपदा राहत केन्द्र के जरिए 76 हजार 5 सौ से ज्यादा लोग लाभ उठा रहे हैं. लॉकडाउन के कारण बिहार के बाहर फंसे बिहार के 20 लाख 3 हजार से ज्यादा लोगों के खाते में 1000 रूपये की राशि भेज दी गई है. लॉकडाउन में रोजगार सृजन सरकार की प्राथमिकता में ऊपर है. अब तक 4 लाख 11 हजार योजनाओं के तहत 2 करोड़ 52 लाख से अधिक मानव दिवस सृजित किए जा चुके हैं. 8 लाख 7 हजार नए राशनकार्ड, राशनकार्डविहिन परिवारों के बनाए जा चुके हैं, जिससे उन्हें भी जल्द से जल्द सहायता दी जा सके.

सूचना एवं जन-सम्पर्क सचिव ने कहा कि प्रवासी श्रमिक, छात्र-छात्राएं, पर्यटक, श्रद्रालुओं को वापस लाने के लिए सरकार ज्यादा से ज्यादा ट्रेनों के परिचालन के लिए लगातार काम कर रही है. आज प्रवासी को लेकर 60 ट्रेनें बिहार आ रही हैं। कल यानी बुधवार को प्रवासी को लेकर 66 ट्रेनें बिहार आएंगी.